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Showing posts from May, 2017

कथा: १२ : सोने की गाय में बदलता एक देश : मनोज कुमार पांडेय

(इधर एक जिद सी पैदा हुई है भीतर कि उन चीजों पर लिखा जाय जो अभी घटित हो रही हैं। इनका कहानी के रूप में मूल्यांकन कैसा होगा मुझे पता नहीं। यह कहानी मानी जाएँगी कि नहीं यह भी नहीं पता। पर यह पता है कि इस सीरीज में मैं अभी बहुत सारी कहानियाँ लिखने वाला हूँ। ____  मनोज कुमार पांडेय )

सोने की गाय में बदलता एक देश 

यह कहानी पूरी तरह से काल्पनिक है। आप हमसे बेहतर जानते हैं कि इसका हमारे देश में घट रही घटनाओं से कोई लेना देना नहीं है। इस कहानी का लेखक चौबीस कैरेट का देशभक्त है और गाय को अपनी माता मानता है। वह दिन में कम से कम पाँच बार पाकिस्तान को गाली देता है तथा नियमित रूप से पतंजलि पंचगव्य का उपयोग करता है।

    कहीं बहुत दूर बसे देश में एक जानवर होता था जिसे लोग गाय कहते थे। गाय एक सीधा सादा जानवर था। इसे लोगों ने बहुत पहले ही साध लिया था। यह घास खाता था और पानी पीता था। कभी कभी इसे खुश करने के लिए लोग अपने घरों के जूठन भी इसे दे आते थे। यह और खुश हो जाता था था। कुछ लोग इसे पवित्र जानवर मानते थे। वे अपने भोजन का पहला ग्रास हमेशा गाय के लिए निकालते और एक पवित्रता से भर जाते। गाय उस ग्रास क…

अपशब्द प्रेम पर पांच कविताएँ : अजंता देव

लैंग्स्टन ह्यूज़ की पांच कविताएँ

(1902 में जन्में लैंग्स्टन ह्यूज़ बीसवीं सदी के अमरीका में अश्वेत समुदाय के घोर उत्पीड़न के विरुद्ध आवाज़ उठाने वाले क्रांतिकारी रचनाकारों की अग्रिम पंक्ति में शुमार रहे. अट्ठारह वर्ष की आयु में लिखी गई "द नीग्रो स्पीक्स ऑफ़ रिवर्स" (The Negro Speaks of Rivers) शायद उनकी सबसे प्रसिद्ध कविता है. हार्लेम (Harlem) तो लगभग लोकगीत बन चुकी है. कवि होने के साथ-साथ लैंग्स्टन बहुत अच्छे गद्यकार भी थे. उनकी पांच कविताएं युवा कवि समर्थ वाशिष्ठ के अनुवाद में पढ़ें. समर्थ ने ये अनुवाद अंग्रेजी से किये हैं. )

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स्यू आंटी की कहानियां
स्यू आंटी के पास हैं सिरभर कहानियाँ स्यू आंटी के पास हैं दिलभर कहानियाँ अगले अहाते में गर्म रातें स्यू आंटी लगाती हैं एक काले बच्चे को सीने और सुनाती हैं कहानियाँ

काले ग़ुलाम गर्म सूरज में करते काम काले ग़ुलाम चलते ओसभरी रातों में काले ग़ुलाम गाते दुःख के गीत घाटों पर बड़ी-बड़ी नदियों के घुलते हैं हौले-हौले उन सायों से जो गुज़रते हैं बार-बार स्यू आंटी की कहानियों से

और वो काला बच्चा सुनता जानता है ये …